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रविवार, 25 अगस्त 2019

साइबर क्राइम से कैसे बचें | Cyber Crime से बचने के उपाय in hindi


साइबर क्राइम से कैसे बचें | Cyber Crime से बचने के उपाय (Bache)

 

Cyber crime se kaise bache
Cyber crime se kaise bache

 

  • अपने इंटरनेट बैकिंग और बैकिंग के सम्पूर्ण लेन-देन का यूज कभी भी किसी पब्लिक साइबर कैफे से न करें औऱ ना ही किसी भीड़भाड़ वाले जगहों पर भी न करे जहां पर आपके प्राइवेट इनफार्मेशन की आसानी से चोरी हो सकती है।
  • इंटरनेट बैकिंग के किसी भी तरह का ट्रांजेक्शन किसी दूसरे व्यक्ति के कंप्यूटर से बिलकुल न करें। ट्रांजेक्शन के बाद ईमेल अकाउंट को लाॅगआउट करना भी न भूलें। अचछा होगा यदि आप इस प्रकार के ब्राउजिंग के डाटा को उसके हिस्ट्री में जाकर डिलीट कर दें।
  • लाॅग इन करने के बाद कंप्यूटर के द्वारा पूछे गये आप्शन जैसे कीप ओन लाॅगिंग या पासवर्ड रिमेम्बर वाले लिंक पर क्लिक नहीं करें।
  • आप कभी अपने इन्टनेट बैकिंग के यूजर नाम और अकाउंट मेल, उसके पासवर्ड, प्राइवेसी या सिक्यूरिटी के प्रश्न और उनके उत्तर और ओ.टी.पी को किसी नोटबुक, मोबाइल और लैपटाॅप में लिख कर नहीं करना चाहिए।
  • आप अपने ईमेल अकाउंट के इनबाॅक्स में आये किसी बी स्पैम मेल को न तो ओपन करें और ना ही किसी अटैचमेंट को डाउनलोड करें।
  • अपने कंप्यूटर को एंटीवायरस और एंटीमैलवेयर साॅफ्टवेयर का यूज करें ताकि कंप्यूटर को वायरस अटैक से बचाया जा सके।
  • आप अपने कंप्यूटर, ईमेल अकाउंट औऱ अन्य प्रकार के इन्टरनेट ट्रांजेक्शन के लिए स्टोंग पासवर्ड का यूज करें जो कि Letter, Alphanumerical and underscore and lowercase and uppercase का मिश्रण हो।
  • अपने पासवर्ड को नियमित रूप से चेंज करते रहें।
  • अलग-अलग अकाउंट के लिए एक ही पासवर्ड का यूज नहीं करें।
  • एंटीवायरस और एंटीमैलवेयर साॅफ्टवेयर को अपडेट करते रहे ताकि आपका कंप्यूटर और ईमेल अकाउंट सेफ औऱ सिक्योर रह पाएं।
  • अपने इम्पोर्टेन्ट और सेंसिटिव फाइल को एनकोडेड फार्म में रखे ताकि किसी अन्य व्यक्ति को यह आसानी से पता नहीं चल पाएं। साथ ही सबी इम्पोटेेट डाटा के Folder और File का बैकअप भी जरूर मेंटेन करके रखे।

क्या करें जब आप साइबर क्राइम के शिकार हो जाएं? 


साइबर क्राइम से बचने के इतने सारे उपायों के बावजूद यदि आप दुर्भाग्यवश इसके शिकार हो जाएँ तो परेशान होने की जरुरत नहीं है। अफरातफरी में यह बात सब को बताने की भी जरूरत नहीं है। सबसे पहले तो आप इस तरह की धोखाधड़ी की रिपोर्ट अपने नजदीक के पुलिस स्टेशन में दें। 


इसके साथ ही किसी  कंप्यूटर एक्सपर्ट औऱ तकनीशियन की मदद से अपने पीसी में ऐसे साॅफ्टवेयर इंस्टाल करवाएं जिससे भविष्य में साइबर क्राइम की इस प्रकार की चुनौतियों का सामना नहीं करना पड़े। अपने क्रेडिट कार्डए डेबिट कार्ड लाॅक करवा दें और यूजर नाम, ईमेल आईडी एकाउंटस और पासवर्ड को जल्दी से चेंज कर दें। 


इस सम्बन्ध में बेसिक फिलोसोफी और एसेंशियल प्रिंन्सिप्ल यही है कि अपने सारे अति गोपनीय डाटा को पूरी तरह से सिक्योर रखे और इन्हे किसी भी हालत में किसी से शेयर नहीं करें.। क्योंकि इस प्रकार की प्राइवेसी के इनफार्मेशन का लीक होना ही साइबर क्राइम को जन्म देता है।

मंगलवार, 20 अगस्त 2019

विंडोज सोर्स पाथ को बदले - WINDOW SOURCE PATH KO KAISE BADLE


विंडोज सोर्स पाथ को बदले - WINDOW SOURCE PATH KO KAISE BADLE

आप जानते हैं कि यदि आप कंप्यूटर में आरंभ में विंडोज (window) को सीडी रोम ड्राइव से इंस्टाॅल करें या सीधे नेटवर्क सर्वर डायरेक्टरी से , तो कंप्यूटर में मौजूद रजिस्ट्री उस इंस्टाॅलेशन लोकेशन का रिकार्ड अपने पास रखती हैं। उसके बाद हार्डवेयर या साॅफ्टवेयर को ऐड करने के लिए सही लोकेशन से किंतु नेटवर्क में या रिट्रीव करता है। सोर्स पाथ को कैसे बदले -  PATH KO KAISE BADLE

किंतु नेटवर्क में या कोई अतिरिक्त हार्ड ड्राइव को सिस्टम में जोड़े तो विंडोज सोर्स फाइल को रिट्रीव करने के पाथ को नहीं पहचान पाएगा। इसके लिए आपको सोर्स पाथ -source path में भी बदलाव करना पडेगा इसके लिए आप निम्न प्रक्रिया पर अनुपालन करें ---

Method - 1
  • Start Button पर क्लिक करें और Run आइकन पर क्लिक करके run menu को ओपन करें।
  • उसमें लिखे Regedit टाइप करें और OK बटन पर क्लिक करें।
  • इसके बाद HKEY_LOCAL-MACHINE के पास दिखते (+) साइन पर क्लिक करें और उस सेक्शन को आगे एक्सपेंड करें।
  • इसी तरह Software के पास दिखते (+) साइन पर क्लिक कर उसे भी एक्सपैंड करें।
  • इसके बाद Microsoft पास दिखते (+) साइन पर क्लिक करके उस भाग पर जाएं।
  • अब Window के पास दिखते (+) साइन पर क्लिक करके उस भाग को एक्सेपैंड करें।
  • अब CURRENT VERSION के पास दिखते (+) साइन पर क्लिक करें।
  • इसके बाद SET UP  के पास दिखते (+) साइन पर क्लिक करें उस भाग एक्सपैंड करें।
  • अब स्क्रीन के बायीं ओर बने WORD SOURCEPATH पर डबल क्लिक करें और VALUE DATA BOX में सही SOURCE PATH टाइप करें।
  • इसके बाद OK बटन पर क्लिक करें।
  • यह करने के बाद REGISTRY को CLOSE करते ही आपके आँपरेटिंग सिस्टम का सोर्स पाथ बदल जाएगा।

 Method 2

  •  Computer पर राइट क्लिक करें और Properties  पर क्लिक करें
  • क्लिक करने के बाद Advanced System Setting पर जाएं क्लिक करें

Window source path change kaise kare
Window source path change kaise kare
  • इसके बाद Environment Variables  पर क्लिक करें

window source path ko kaise badle

विंडोज 7 में इंटरनेट कनेक्शन को कैसे शेयर करें - window me internet connection ko kaise share kare

विंडोज 7 की मदद इंटरनेट से कनेक्ट होना और अपने नेटवर्क पर मौजूद अन्य कंप्यूटर्स से इंटरनेट कनेक्शन शेयर कर सकते हैं। अपने नेटवर्क कनेक्शन में एक या अधिक कंप्यूटर्स को शेयर करने के लिए आप विंडोज इंटरनेट कनेक्शन शेयरिंग फीचर का उपयोग कर सकते हैं जिसके जरिेए हर किसी को वेब से कनेक्ट होने में आसानी रहती है। इंटरनेट कनेक्शन को शेयर करने के लिए --


  • Start > Control Panel > Network and Internet को चुने Network and sharing centre link को क्लिक करें। इससे नेटवर्क एंड शेयरिंग सेंटर ओपन होगा।
  • अब दिखने वाले Network and sharing center windows manage wireless network link पर क्लिक करें तो अब दिखाई देने वाली विंडो में manage  network that use (wireless network connect ) करने देगा।
  • Connection पर क्लिक करने के बाद adopter properties link पर क्लिक करें तो Connection properties dialoge बाॅक्स दिखाई देगा।
  • Sharing Tab पर क्लिक करें
  • यह Option आपको बहुत सारे आँप्शन नहीं देता है।
  • अब Allow other network users to connect through this computers internet connection चैकबाॅक्स को सिलेक्ट करें।
  • इससे आप विकल्प के तौर पर दिखाई देती Allow other network user to control or disable the shared internet connection चैक बाॅक्स को भी सिलेक्ट कर सकते हैं। यह सेटिंग इनेबल या डिसेबल कर आपके नेटवर्क कंट्रोल से जुडे लोगों को भी शेयर्ड नेटवर्क कनेक्शन को कंट्रोल करने का अवसर मिलता हैै।
  • इसके बाद OK पर क्लिक करके Shared connection सेटिंगस को सेव करने के लिए manage wireless network विंडो को बंद कर दें। इससे पहले यूजर्स आपके शेयर्ज कनेक्सन को उपयोग करना शूरू कर उन्हें अपनी TCP/IP setting को कन्फीगर करना पडेगा जिससे कि वे आँटोमैटिकली आईपी कनेक्शन पर सके
 

शनिवार, 17 अगस्त 2019

Files ki chori kaise roke - फाइलो की चोरी कैसे रोके

Files की चोरी कैसे रोके - ki chori kaise roke

 

Files ki chori kaise roke - फाइलो की चोरी कैसे रोके
 Files ki chori kaise roke - फाइलो की चोरी कैसे रोके

 

 

आपकी files, फोटो, मैसेज औऱ दूसरे दस्तावेजों को चुराने के लिए हैकर सेंध न लगा सकें, इसके लिए इन्क्रिप्शन, अतिरिक्त वेरीफिकेशन जैसे कई उपाय है।


आप अपने files की चोरी कैसे रोकेंगे? यह लाख टके का सवाल है। इन दिनों हर जगह हैकर आपके सिस्टम में सेंध लगाने की ताक में बैठे हैं। आपको अपने निजी दस्तावेज, files, फोटो, मैसेजेज आदि को सुरक्षित रखने के लिए दो स्तर पर उपाय करने की जरूरत है। पहला स्तर तो यह है कि आप अपने सिस्टम को एंटी वायरस के जरिेये प्रोटेक्ट करें। 


इसकी मदद से वायरस, मालवेयर, ट्रोजन आदि को सिस्टम में घुसने से रोका जा सकता है। इससे कोई हैकर आपके सिस्टम में नहीं घुस पाएगा। दूसरा स्तर फाइल को प्रोटेक्ट करने का है। यानी अगर किसी तरह कोई हैकर सिस्टम में घुंस जाए तब भी वह आपकी फाइल नहीं चुरा सके या उसे खोल नहीं सकें। 

यानी आपका डाटा सुरक्षित रहे। इन दिनो ज्यादातर डाटा क्लाउड पर सेव किया जाता है, इसलिए वहां सुरक्षा और भी जरूरी है।

सबसे पहले जब आप क्लाउड स्टोरेज में अपनी फाइल सेव करें तो उसे इन्क्रिप्ट जरूर करें। आमतौर पर क्लाउड स्टोरेज की सुविधा उपलब्ध कराने वाली कंपनियां इन्क्रिप्शन की सुविधा देती हैं। यानी फाइल अपने आप इन्क्रिप्ट करने की सुविधा इनबिल्ट होती है। लेकिन आप अतिरिक्त सुरक्षा के लिए एक और स्तर की इन्क्रिप्शन खुद कर सकते हैं। इसके लिए आप boxcryptor की सेवा ले सकते हैं। यह आपके क्लाउड एकाउंड में एक फोल्डर क्रिएट कर देता है और उसके अंदर रखी जाने वाली हर फाइल को इन्क्रिप्ट करता है।

बाॅक्सक्रिप्ट के जरिए जो इन्क्रिप्शन होता है, वह बहुत पावरफुल 256 बिट स्टैडर्ड का होता है। इसकी तुलना में गूगल ड्राइव का इन्क्रिप्शन एईएस-128 बिट का होता है। इसलिए अगर आप अपनी फाइल्स को बाॅक्सक्रिप्टर में सेव करते हैं तो गूगल ड्राइव के मुकाबले आपकी फाइल दोगुनी ज्यादा सुरक्षित रहती है। यह फोल्डर भी फोल्डर बनाते समय ही आप पासवर्ड बना सकते हैं। अगर किसी तरह से कोई हैकर इस फोल्डर में घुमने में कामयाब हो जाता है, तब भी वह आपकी फाइल्स का डाटा चोरी नहीं कर पाएगा

इन्क्रिप्शन का एक टूल बी1 फ्री आर्काइवर है, जो आपको www.bl.org से मिल जाएगा। यह बिल्कुल मुफ्त का टूल है और बहुत उपयोगी है। यह हर किस्म के प्रोग्राम के साथ काम करने में सक्षम है। इसकी मदद से आप पेड प्रोग्राम जैसे विन आरआर की फाइल को भी इन्क्रिप्ट कर सकते हैं। इसकी मदद से कंप्रेस की जा सकती है और क्लाउड सर्विस देने वाली दूसरी कंपनियों ड्राॅपबाॅक्स, गूगल ड्राइव और वन ड्राइव में भी इसकी मदद से files कंप्रेस और इन्क्रिप्ट की जा सकती है।

इसके अलावा एक और ओपन सोर्स है टूल 7 - जिप, जिसे आप www.7-zip.org से हासिल कर सकते हैं। आपकी फाल को कंप्रेस करता है और इन्क्रिप्ट कर देता है।

दो अलावा एक उपाय दो चरण के वेरीफिकेशन या आर्थेंटिकेशन का है। यह सुनने में थोड़ा जटिल काम लगता है, लेकिन असल में यह बहुत आसान है। इसमे आपको सिर्फ दो पासवर्ड बनाता होता है।  इससे दो स्तर पर आपके सिस्टम की सुरक्षा पुख्ता होती है। गूगल ड्राइव, ड्राॅपबाॅक्स, वनड्राइव आदि सब इसकी सुविधा देने लगे है। इसके लिए आपके बहुत कुछ नहीं करना है। 


बस सामान्य रूप से अपने एकाउंट में लाॅग इन करें और सेटिंग में लाॅग इन करेंगे तो एक पासवर्ड टाइप करना होगा। इसके बाद फिर आपको एक यूनिक कोड टाइप करना होगा, तब आप अपने सिस्टम में प्रवेश कर पाएंगे। यह यूनिक कोड आपको मोबाइल फोन पर एसएमएस के जरिए या आपके ईमेल एड्रेस पर भेजा जाएगा। हालांकि कई लोगों को लगता है कि इसमे ज्यादा समय लगता है और थोडी असुविधा भी होती है। सुरक्षा के लिए इतनी जहमत उठानी चाहिए।

फाइल्स को सुरक्षित रखने का एक उपाय यह है कि आप इंटरनेट से फाइल डाउनलोड करते समय या अपलोड करते समय उसे स्कैन करें। क्लाउड स्टोरेज में एक नई सेवा है सिक्योर बैकअप की जिससे आफ यह काम कर सकते हैं। इसके अलावा सिक्योरिटी फर्म मालवेयरबाइटस (www.malwarebytes.org , जो इस तरह से आपकी फाइल के प्रोटेक्शन के लिए काम करती है।



 इसमे आपको सौ जीबी स्टोरेज की क्षमता मिलती है औऱ फाइल भी सुरक्षित रहती है। इसके लिए आपको तीन डाॅलर यानी करीब 180 रू महीने को फीस भरनी होती है, जो कोई बहुत ज्यादा नहीं है। यह गूगल ड्राइव की सेवा से महंगा है औऱ ड्राॅपबाॅक्स में इस सेवा की फीस छ डाॅलर प्रति महीने है और गूगल ड्राइव में दो डाॅलर प्रति माह है। कई बार आप कोई फाइल किसी से शेयर करते हैं और कोई फाइल किसी से शेयर करते है  और उसके बाद इस चिंता में रहते हैं कि पता नहीं फाइल का क्या हुआ? आपने जिसे भेजा वह आगे किसी को शेयर करता है और आपकी फाइल जगह-2 घूमती रह सकती है। 



इसलिए इन दिनों क्लाउड सेवा देने वाली कुछ कंपनियों से फाइलो के सेल्फ डिस्ट्रक्शन की सुविधा दी है। यानी आप कोई फाइल किसी को भेजते हैं और वह उसके द्वारा देख ली जाती है तो उसके बाद अपने  आप फाइल नष्ट हो जाती है। इस आप www.dissipateapp.com

रविवार, 11 अगस्त 2019

क्या करें जब आपका Email हैक हो जाए - email hack ho jaye to kya kare


क्या करें जब आपका Email हैक हो जाए

 

email hack ho jaye to kya kare
email hack ho jaye to kya kare

 

हाल में तेजी से बढ़ाते हुए साइबर क्राइम की घटनाओं में Email का हैक होना अब कोई बड़ी बात नहीं मानी जाती है। किंतु प्राइवेसी तथा सिक्यूरिटी में सेध के परिणामस्वरूप उत्पन्न संकटो को ध्यान में रखते हुए ईमेल का हैक होना खतरे से खाली नहीं होता है।


क्योंकि यह Email यूजर को कई तरह से नुकसान पहुंचा सकता है। सबसे बड़ा नुकसान तब होता है जब अतिसंवेदनशील एवं प्राइवेट जानकारियों में सेंध लगाकर वित्तीय घोटालों के वारदातों तो अंजाम दिया जाता है।


यह कैसे जानें कि आपका Email हैक हो चुका है?

 

यदि आपके Email के साथ निम्न समस्याएं आ रही हों तो यह मानिए कि आपका ईमेल हैक हो चुका है
  • यदि आपके Email अकाउंट का प्रोफाइल इनफार्मेशन बदला हुआ है।
  • यदि आपके ईमेल अकाउंट से स्पैम मेल भेजा जा रहा हो और इसके माध्यम से एडवरटाइजिग का काम किया जा रहा हो।
  • आपके इनबाॅक्स में आपके पुराने मेल्स न तो रिसीव हो रहे और ना ही उनका कोई पता लग रहा है।
  • यदि आपके द्वारा भेजे गये मेल्स बार बार फेल्ड डिलीवरी मेसेज दिखा रहे हो।
  • आपके सेंट फोल्डर में यदि ऐसे भी मेसेज शो हो रहे हैं जिन्हें आपने कभी मेल ही नहीं किया है।
  • आपके इनबाॅक्स में मेसेज किसी विदेशी भाषा या उस भाषा में है जिसे आप सामान्यता नहीं जानते हैं और जिस भाषा में आपने कभी ्पने किसी कांटेक्ट एड्रेस को मेल सेंड नहीं किया है।
  • आपके फ्रेंड के पास आपके ईमेल से फर्जी मेल हो रहे हैं।
  • कभी -2 आपके बैंक अकाउंट से भारी मात्रा में पैसे की निकासी हो सकती है।
  • किसी Online शाॅपिंग कम्पनी से आपके पास बकायें राशि के भुगतान के लिए मेसेज आ सकता है।
  • आपका Online पासवर्ड अचानक बदल सकता है।

क्या करें जबकि आपका Email अकाउंंट हैक हो जाएं? 

 

Email अकाउंट की चोरी या हैकिंग होने पर उस अकाउंट को न केवल रिकवर किया जा सकता है बल्कि ऐसे तकनीकी उपाय किये जा सकते हैं ताकि भविष्य में इस प्रकार के धोखाधड़ी से बचा भी जा सकता है। सबसे पहले तो आप अपने ईमेल अकाउंट को अपने मेल प्रोवाइडर वेबसाइट के माध्यम से लाॅग इन करिए।

यदि इस प्रकार से आपको परेशा होने की जरूरत नहीं हैं किंतु यदि इस प्रकार से आपका मेल अकाउंट ओपेन नहीं होता तो निश्चित मानियें कि हैकर्स ने आपके मेल अकाउंट का पासवर्ड चेज कर दिया है फिर हैक्ड अकाउंड की रिकवरी की समस्या के समाधान के लिए हम निम्नलिखित उपाय कर सकते है-

Email  सर्विस प्रोवाइडर की सर्विस की हेल्प लें

 

आपने जिस सर्विस प्रोवाइडर पर अपने ईमेल अकाउंट किये है उसके वेबसाइट पर जाकर आई फाॅरगाॅट माई पासवर्ड आप्शन पर क्लिक करें। आपका सर्विस प्रोवाइडर आपको दूसरे वैकल्पिक ईमेल एड्रैस मेल पर करेंगा। इसके साथ ही यह सर्विस प्रोवाइडर आपको सीक्रेट क्वेश्चंस का भी आप्शन मेल करेगा जिसे कि आपने अकाउंट ओपनिंग के साथ रजिस्टर्ड किया था।



 आपको उन सीक्रेट क्वेस्चंस के जवाब देना होता है।  यदि इस मेथड से भी आप अपने अकाउंट को ओपन करने में सफल नहीं हो पाते हैं और आपका अकाउंट रिकवर नहीं हो पाता है तो इसका अर्थ यह है कि हैकर्स ने आपके सभी रिकवरी इनफार्मेशन को चेंज कर दिया है। ऐसी स्थिति ें हैकर्स आपके ओल्टरनेट email अकाउंट को बदल सकता है और सीक्रेट क्वेशचंस के आंसर को भी चेंज कर सकता है।


 अपने Email अकाउंट का पासवर्ड चेंज करें

 

यदि रिकवरी आप्शन के माध्यम से आपका अकाउंट ओपन हो जाता है तो आप सबसे पहले अपने मेल अकाउंट का पासवर्ड चेंज कर लें। पासवर्ड के बारे में एक सामान्य -सा सिद्धान्त यह है कि पासवर्ड याद रखने में आसान, अनुसार लगाने में मुश्किल और साइज में बड़ा होगा उतना ही सिक्योर आपका मेल अकाउंट और पीसी होगाकोई भी पासवर्ड 10 letter के पासवर्ड सिक्यूरिटी की दृष्टि से काफी सिक्योर्ड और स्ट्रोग माने जाते है।




 फिर ऐसा भी माना जाता है कि यदि पासवर्ड में लैटर के साथ कुछ Number and alphabet का यूज किया जाएं यह काफी स्ट्रोग होता है जो कि किसी हैकर्स के द्वारा गेस करना आसान नहीं होता है। अंडरस्कोर के साथ सुपरसक्राइब ऐपरसेंड एट दि रेट इत्यादि अन्य संकेतो का भी इस्तेमाल करना बेहतर माना जाता है।


ताकि आपका email हैक न हो पाए 

 

  • हमेशा  लम्बे पासवर्ड का प्रयोग करें।
  • अपने पासवर्ड को कभी भी किसी के साथ शेयर नही करें।
  • किसी तरह की धोखाधड़ी वाली स्थिति में अपने पासवर्ड कभी भी शेयर नही करें। मेल यूजर के इनबाक्स में गिफ्ट और कैश प्राइज जीते जाने के कई फर्जी मेल्स आना आम बात हो गयी है और इसके बहाने से हैकर आपके बैंक अकाउंट और पासवर्ड की मांग करते है।
  • जिस ईमेल के आडरटिटी के बारे आप निश्चित नहीं है तो ऐसे ईमेल इनबाॅक्स को कभी भी क्लिक नहीं करें क्योकि एडवाॅस्ड टेक्नोलाॅजी के माध्यम से वे यूजर के ईमेल अकाउंट कोह हैक कर सकते है और प्राइवेट इनफार्मेशन में सेध लगाकर आपको धोखा का शिकार बना सकते हैं।
  • यदि किसी ईमेल यूजर के द्वारा वाई-फाई इस्तेमाल किया जा रहा हो तो इसके बारे में भी कफी सावधानी बरतने की जरूरत है।
  • अपने पीसी औऱ लैपटाॅप और साॅफ्टवेयर को अपटूडेट रखे और साथ ही लेटेस्ट एंटी - मैलवेयर टूल्स के यूज से इन्हे क्लीन रखे।  

शुक्रवार, 9 अगस्त 2019

corel draw shortcut keys | photoshop shortcut key | all shortcut keys pdf

corel draw shortcut keys - काॅरल ड्रा | photoshop shortcut key pdf

 

 

New Ctrl+N
Open Ctrl+O
Save Ctrl+S
Save as Ctrl+Shift+S
Import Ctrl+I
Export Ctrl+E
Print Ctrl+P
Exit Alt+F4
Undo Ctrl+Z
Redo Ctrl+Shift+Z
Repeat Ctrl+R
Cut Ctrl+X
Copy Ctrl+C
Paste Ctrl+V
Delete Delete
Manager Ctrl+F3
Duplicate Ctrl+D
Find and Replace Ctrl+F
Find Object Alt+Enter
Full- Screen Preview Ctrl+F12
snap to > Document grid Ctrl+Y
snap to >Object Alt+Z
Dynamic Guides Alt+Shift+D
Alignment Guides Alt+Shift+N
Transformation > postion Alt+F7
Transformation >Rotate Alt+F8
Transformation >Scale Alt+F9
Transformation >Size Alt+F10
Order > To front of page Ctrl+Home
Order > To front of page Ctrl+HomeNew
Order > To Back of page Ctrl+End
Order > To front of Layer Ctrl+Shift+Page up
Order > To Back of Layer Shift+Page Down
Order > Forward one Ctrl+Page Up
Order > Backward one Ctrl+Page Down
Group Ctrl+G
Ungroup Ctrl+U
Combine Ctrl+L
Break Apart Ctrl+K
Convert to Curves Ctrl+Q
Adjust > Brightness/Contrast/Intensity Ctrl+B
Adjust >Color Balance Ctrl+Shift+B
Lightness Ctrl+Shift+U
Contour Ctrl+F9
Envelope Ctrl+F7
Lens Ctrl+F3
Test Properties Ctrl+T
Edit Text Ctrl+Shift+T
Insert Symbol character Ctrl+F11
Align to baseline Alt+F12
Writing Tools > Spell Check Ctrl+F12
Convert Ctrl+F8
Options Ctrl+J
View Manager Ctrl+F2
Color Styles Ctrl+F6
Object Style Ctrl+F5
Macro > Macro Manager Alt+Shift+F11
Macro > macro editor Alt+F11
Macro >  Stop Recording Ctrl+Shift+O
Macro > Record Temporary Ctrl+Shift+R
Macro > Run Temporary Ctrl+Shift+P
Help F1


Photoshop shortcut key | Corel draw िहन्दी में

photoshop shortcut key
photoshop shortcut key


photoshop shortcut key
photoshop shortcut key
 
photoshop shortcut key
photoshop shortcut key

सोमवार, 5 अगस्त 2019

डेस्कटाॅप Icon को आर्डर में कैसे करें | Delete और rename न होने वाले फोल्डर्स | Block बेवसाइट करने का तरीका

डेस्कटाॅप Icon को आर्डर में कैसे करें | Delete और rename  न होने वाले फोल्डर्स | Block बेवसाइट करने का तरीका  windows 7 desktop icons

 

 

 


Window 7 desktop यदि आपके डेस्कटाॅप के Icon अस्तव्यस्त हो तो उन्हें सही तरीके से लगाने के लिए डेस्कटाॅप पर ही किसी खाली जगह पर right click करें। विंडोज एक्सपी पर काम करते हो तो इसके लिए माउस को arrange icons by  पर लो जाएं > Auto arrange पर जाएं और Align to grid को सिलेक्ट करें। इस कमांड से सभी Icon बाई डिफाॅल्ट बायी और Alphabetical order में हो जाएगे हालाकि आप चाहे तो उन्हे Size, type, modified क्रम में भी व्यवस्थित कर सकते है या फिर डेस्कटाॅप को क्लीन करके केवल show desktop icon को deselect कर दें।


यदि विंडोज विस्टा इंस्टाॅल हो तो यह प्रक्रिया थोडी भिन्न होती है। डेस्कटाॅप पर किसी खाली जगह पर right click करें और mouse को view पर ले जाएं। यहां आपको पहले की तरह ही Auto arrange alight to grid or show desktop icons आँप्शन दिखेगे इसके बाद Large icon, Medium icon, और classic icons पर एक्सेेस करने की बजाए आप Sort by menu > view के नीचे कुछ अन्य आँप्शंस भी पा सकते है। 






Delete और rename  न होने वाले फोल्डर्स

आमतौर पर फोल्डर्स को आसानी से rename एवंं delete  किया जा सकता है किंतु यदि आप ऐसे फोल्डर्स बनाना चाहते हैं जिन्हें न तो रीनेम किया जा सके औऱ न ही वे डिलीट (Delete) हो सके तो निम्न प्रक्रिया का पालन करें-


  • Start Menu  और Run पर क्लिक करें।
  • Type Cmd करके औऱ Command prompt खोलने के लिए एंटर दबाएं।
  • याद ऱखे कि जिस ड्राइव में, चाहे वह C हो या D यदि विंडोज इंस्टाॅल है तो वहाॅं ऐसे फोल्डर्स नहीं बनाए जा सकते हैं। यानि आप Root directory में ऐसे फोल्ड्स नहीं बना सकते है।
  • D: या E: टाइप कर एटर दबाएं।
  • md con\ टाइप करके एंटर दबाएं आप चाहें तो con की जगह पर aux, lpt1,lpt2,से लेकर lpt39 तक जैसे शब्द भी उपयोग कर सकते हैं।
  • Directory को Open करें तो आपको con नाम से एक फोल्डर बना दिखाई देगा।
  • अब यदि आप उस फोल्डर को Delete या rename करने का प्रयाय करेंगे तो आपको Error message दिखाई देगा।

फोल्डर delete करने की प्रक्रिया 

 Command prompt (cmd) को ओपन करें। यदि D ड्राइव में फोल्डर बनाया हो तो D: टाइप करें औऱ एंटर करें। rd con\ टाइप करें (यहाॅं rd का तात्पर्य है remove directory) अब डायरेक्टरी को ओपन करें तो वह फोल्डर नहीं दिखेगा क्योंकि वह रीमूव हो चुका होगा।





👮👮अपने कंप्यूटर पर website block करने का तरीका👮👮



Website block अकसर जान-पहचान के लोग या दोस्त कभी कभी आपक कंप्यूटर का उपयोग करने लगते हैं और फेसबुक, इंटरनेट, यूट्यूब या अन्य कोई गैरजरूरी सामग्री देखते हैं जो आपको नापसंद हो तो भी आप उन्हें जाने के लिए नहीं कह सकते है। ऐसे में आप Website को Block कर उन्हें ऐसा करने से रोक सकते हैं। इसके लिए आप दो तरीके आजमा सकते हैं।

  1. Window host फाइल का उपयोग करें   7 desktop icons

    इस विधि में आपको कंप्यूटर में कोई अतिरिक्त साॅफ्टवेयर इंस्टाॅल करने की जरूरत नहीं है, बस आपको नोटपै़ड का उपयोग कर फाइल एडिटिंग का मूलभूत ज्ञान होना चाहिए। विंडोज में IP Address को मैप करने के लिए यह होस्ट फाइल और आपके कंप्यूटर की होस्ट साइट्स के होस्ट नाम होते हैं। इस ट्रिक का उपयोग कर आप अपने कंप्यूटर को होस्ट साइट को ओपन करने की बजाय आपकी लोकल मशीन के दोबारा रिडायरेक्ट करने के लिए निर्देशित कर सकते हैं। तो विंडोज होस्ट फाइल के द्वारा वेबसाइट को ब्लाक करने के लिए निम्न प्रक्रिया का पालन करें


    • Window सर्च बार में  C:\windows\system32\drivers\etc   
    • ओपन करें या विंडोज एक्सप्लोरर के जरिए अपने अनुसार क्लिक करके फोल्डर तक पहुंच जाएं।
    • इस पाथ पर पहुंचकर आप HOST नाम की फाइल देखेगें। उस फाइल पर right click  करें और Open with notepad को क्लिक करें।
    • नोटपैड में आप मैपिंग हेतु टैक्सट की कई लाइने देखेगे। तो अब उस टेक्सट की अंतिम लाइन पर जाएं (इसे चाहे तो Local host कर सकते है।)  अब फाइल के अंत में कर्सर मूव करने के लिए Enter दबाएं बिना कोड के 127.0.0.1 टाइप करके स्पेसबार दबाएं।
  • अब आप उसी लाइन पर जिस वेबसाइट को Block करना चाहते हैं उसका एड्रेस टाइप करें। जैसे कि '127-0-0-1 www.reddit.com'  or '127-0-0-1 www.facebook.com' टाइप करें औऱ इन सभी साइटों को ब्लाॅंक करें।
    अब इस फाइल को सेव करें और यदि आपको इसमे किसी प्रकार के संशोधन के लिए कोई चेतावनी संदेश दिखाई दे तो उसे अनदेखा कर दें। अपने browser पर जाएं और देखें कि आपके द्वारा ब्लाॅक की गई साइट खुल तो नहीं रही।

     

    Control - कंट्रोल पैनल का उपयोग करें 


    यदि आप फाइल का उपयोग कर साइट Block नहीं करना चाहते या फिर उस माॅडिफाइ करने में कुछ समस्या हो तो आप Control panel parental control के जरिए यह कर सकते हैं जो विंडोज का एक और डिफाॅल्ट फंक्शन है।

    1. Start Menu > Control panel > user account and family safety > setup control for any user पर क्लिक करें तो आपके सिस्टम में मौजूद सबी यूजर्स की लिस्ट दिखाई देने लगेगी।
    2. अब उस Account को सिलेक्ट करें जिसके लिए आप web filter सेट करना चाहते हैं औऱ उसके बाद parental control  सेट करके आँन पर क्लिक करें।
    3. Web Filter पर क्लिक करें।
    4. Block some website or content पर क्लिक करें।
    5. Edit the allow और block list पर क्लिक करें।
    6. वेबसाइट के address box में उस वेबसाइट का address टाइप करें जिसे allow / block करना चाहते हैं। इसके बाद allow/ block पर क्लिक करें।
     
  • 👿👿 तो इन दो तरीके से आप वेबसाइट्स को ब्लाॅंक कर सकते है। 👿👿 



     

शुक्रवार, 2 अगस्त 2019

अपने share network printer कैसे ऐड करें | Hardware विजार्ड प्रिंटर शेयरिंग कैसे करते है ?


अपने share network printer कैसे ऐड करें |  Hardware विजार्ड का उपयोग व प्रयोग

 

अपने share network printer कैसे ऐड करें
अपने share network printer कैसे ऐड करें

 

घर में वायरलैस share network printer नेटवर्क लगाने के बाद घर के किसी भी कोने में बैठकर किसी भी तरह की Infomation के लिए इंटरनेट को सर्च किया जा सकता है। वायलैस नेटवर्क की सुविधा के बावजूद यदि आपको डाक्यूमेंट या फोटो प्रिंट करने के लिए किसी दूसरी जाना पड़े तो काफी उबाऊ सा लगेगा ।


प्रिंटर शेयरिंग कैसे करते है ?
प्रिंटर शेयरिंग कैसे करते है ?






क्योंकि अब तक प्रिंटर को सीधे कंप्यूटर से प्लग इन करके  ही प्रिंट लिया जाता रहा है किंतु आप चाहें तो अपने घर में ही होम वायरलैस network सेट कर सकते हैं जिससे कि घर के सभी नेटवर्क कंप्यूटर्स उसी डिफाॅल्ट Printer को share कर प्रिंट ले सकें चाहे वे मशीन से भौतिक तौर पर न जु़डे हो तो शेयर्ड होम नेटवर्क पर प्रिंटर एड करने के लिए निम्न प्रिक्रिया का पालन करें।


  • Main network computer से Start menu  पर जाएं और Control panel को क्लिक करने के बाद Printer and fax को क्लिक करें। इसके बाद Add a printer पर क्लिक करें।
  • यह Add printer wizard को स्टार्ट करेंगा। अब Next पर क्लिक करें। अब नोट करें कि यदि आपका प्रिंटर इनफारमेशन पैराग्राफ में सभी शर्तो पर खरा उतरता है तो आपको औपचारिक सेटअप प्रोसेस का पालन करने की कोई जरूरत नहीं पडेगी।
  • अब A Network printer or a printer attached to another computer Option को सिलेक्ट करें। इस सिलेक्शन को हाइलाइट करने के बाद Next पर क्लिक करें।
  • Browse for a printer को चुने नेटवर्क में प्रिंटर को लोकेट करें। सही प्रिंटर मिलते ही Next पर क्लिक करें।
  • अगली स्क्रीन पर अपनी पसंद को कन्फर्म करें और फिनिश पर क्लिक करें।
  • अब यहां से यह प्रिंटर आपके नेटवर्क के सभी कंप्यूटरो द्वारा उपयोग एक्सेस किया जा सकेगा। आप इस प्रिंटर को उसी प्रकार सर्च और उपयोग कर पाएगें जैसे कि नेटवर्क से जुडे कंप्यूटरो द्वारा भौतिक रूप से जुडे कंप्यटरों को उपयोग करते है। किंतु आपको हर कंप्यूटर  पर इस प्रिंटर को अलग-2 डिफाॅल्ट सेट करना पडेगा। 

Hardware विजार्ड का उपयोग व प्रयोग कैसे करें

 

यदि आप सिसट्म में Hardware विजार्ड का उपयोग करना चाहते हैं तो जान लें कि Add hardware wizard का प्रयोग प्लग एंड प्ले नाॅन-प्लग प्ले दोनों प्रकार के Hardware के Automatic Installation को शुरू करने तथा डिवाइसेस को ट्रबलशूट करने के लिए किया जा सकता है तो Add hardware wizard का उपयोग करना चाहें तो निम्न प्रक्रिया का पालन करें।


  1. Start menu पर क्लिक करें > Control panel  क्लिक करें > Classic View में जाएं।
  2. Add hardware पर क्लिक करें (हो सकता है कि विंडोज विस्टा इस प्रोग्राम को रन करने के लिए परमिशन मांगे ) यदि ऐसा हो तो Allow या Continue बटन पर क्लिक करें।
  3. अब Welcome to add hardware पेज को बंद करने के लिए नेक्स्ट बटन पर क्लिक करें।
  4. यदि विंडो विस्टा द्वारा कंप्यूटर से कनेक्ट की गई नई डिवाइस को सर्च किया जाता है तो Found new hardware wizard को शुरू कर देता है। 

 

प्रिंटर शेयरिंग कैसे करते है ? 

 

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